Avishan Breed Sheep: आज के दौर में खेती और पशुपालन सिर्फ गुजारा करने का जरिया नहीं रहे. बल्कि ये अच्छे-खासे बिजनेस बन चुके हैं. अगर आप कम लागत में मोटा मुनाफा कमाना चाहते हैं तो अविशान नस्ल की भेड़ आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है. इस नस्ल की सबसे बड़ी खासियत इसका मल्टीपल बर्थ रेट है. जो इसे दूसरी भेड़ों से मीलों आगे खड़ा कर देता है.
जहां आम भेड़ें साल में एक मेमना देती हैं वहीं अविशान एक बार में दो से चार मेमने देने की काबिलियत रखती है. जिससे किसानों का स्टॉक रॉकेट की रफ्तार से बढ़ता है. इसके अलावा इसका दूध उत्पादन भी काफी शानदार है जो एक्स्ट्रा इनकम का एक परमानेंट सोर्स बन जाता है. मॉडर्न फार्मिंग के इस दौर में अगर आप सही ब्रीड का चुनाव करते हैं तो आपकी किस्मत चमकना तय है.
कम समय में स्टॉक डबल
अविशान भेड़ की सबसे बड़ी यूएसपी इसकी ब्रीडिंग कैपेसिटी है जो किसी भी पशुपालक के लिए जैकपॉट से कम नहीं है. वैज्ञानिक रूप से विकसित इस ब्रीड में एक साथ कई मेमने पैदा करने की क्षमता होती है जिससे किसान को हर साल ज्यादा जानवर बेचने को मिलते हैं.
- यह नस्ल एक ही साल में दो से चार मेमने पैदा करने की काबिलियत रखती है जिससे आपकी इन्वेंट्री तेजी से बढ़ती है.
- मार्केट में मेमनों की हाई डिमांड के चलते आपकी सप्लाई चेन कभी नहीं रुकती और बैंक बैलेंस बढ़ता रहता है.
यह उन लोगों के लिए बेस्ट ऑप्शन है जो कम समय में अपने बिजनेस को बड़े लेवल पर ले जाना चाहते हैं.
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दूध और ऊन दोनों से फायदा
अविशान सिर्फ मेमने ही नहीं देती है. बल्कि इसका मिल्क प्रोडक्शन भी काफी बढ़िया है. भेड़ का दूध औषधीय गुणों से भरपूर होता है और आजकल हेल्थ सेक्टर में इसकी काफी ज्यादा वैल्यू है जिससे आप डेली कैश फ्लो मेंटेन कर सकते हैं.
- इसके दूध की क्वालिटी और मात्रा सामान्य भेड़ों के मुकाबले काफी बेहतर होती है जो एक्स्ट्रा प्रॉफिट दिलाती है.
- इस नस्ल से मिलने वाली ऊन का टेक्सचर काफी प्रीमियम होता है जिसकी टेक्सटाइल इंडस्ट्री में अच्छी मांग रहती है.
यानी एक ही जानवर से आप मांस, दूध और ऊन तीनों के जरिए मल्टी-डायमेंशनल इनकम जनरेट कर सकते हैं.
खर्चा होता है काफी कम
इस नस्ल की एक और खास बात यह है कि यह बहुत ही सख्त जान होती है और अलग-अलग क्लाइमेट में आसानी से ढल जाती है. अविशान भेड़ों को पालने के लिए आपको बहुत महंगे सेटअप या हाई-फाई चारे की जरूरत नहीं पड़ती है क्योंकि ये लोकल चारे पर भी अच्छी ग्रोथ दिखाती हैं.
- इनकी बीमारियों से लड़ने की नेचुरल इम्यूनिटी काफी मजबूत होती है जिससे मेडिकल खर्च काफी कम हो जाता है.
- कम लेबर कॉस्ट और लो-रिस्क फैक्टर की वजह से छोटे किसान भी इसे बड़े पैमाने पर शुरू कर सकते हैं.
अगर आप स्मार्ट फार्मिंग की शुरुआत करना चाहते हैं तो इस नस्ल के साथ जाना एक प्रॉफिटेबल और समझदारी भरा फैसला होगा.
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