Friday, March 6, 2026
Google search engine
Homeविश्वबांग्लादेश पर यूएन का बड़ा फैसला, अंतरिम सरकार के सुधारों का करेगा...

बांग्लादेश पर यूएन का बड़ा फैसला, अंतरिम सरकार के सुधारों का करेगा समर्थन


बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के लिए संयुक्त राष्ट्र संघ की तरफ से राहत भरी खबर सामने आई है। यूएन की तरफ से कहा गया है कि वह बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के द्वारा पुलिस और चुनाव सुधारों के लिए उठाए गए कदमों का समर्थन करेगा।

Upendra Thapak लाइव हिन्दुस्तानSun, 22 Sep 2024 08:12 PM
share Share

बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के लिए संयुक्त राष्ट्र संघ की तरफ से राहत भरी खबर सामने आई है। यूएन की तरफ से कहा गया है कि वह बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के द्वारा पुलिस और चुनाव सुधारों के लिए उठाए गए कदमों का समर्थन करेगा। बांग्लादेश मं संयुक्त राष्ट्र के प्रमुख ग्विन लुईस ने यहां के मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस से मुलाकात की। दोनों के बीच में सुधार, भ्रष्टाचार, बाढ़, रोहिंग्या संकट और जुलाई-अगस्त के दौरान हुई हिंसा के विषय में चर्चा हुई।

डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार, संयुक्त राष्ट्र संघ के प्रतिनिधि लुईस ने अंतरिम सरकार के द्वारा की गई सुधार की पहलों के लिए अपना समर्थन व्यक्त किया और नोबेल पुरस्कार विजेता यूनुस को इस संकट के समय में उनकी असाधारण भूमिका के लिए धन्यवाद किया।

बांग्लादेश में हाल ही में अंतरिम सरकार के द्वारा न्यायपालिका, चुनाव प्रणाली, प्रशासन, पुलिस, भ्रष्टाचार विरोधी आयोग और संविधान में सुधार के लिए छह आयोगों के गठन की घोषणा की गई थी। बांग्लादेश की अंतरिम सरकार पर इस समय आर्थिक रूप से काफी दवाब है। अंतरिम सरकार लगातार हालात को काबू में करने की कोशिश कर रही है, लेकिन राजनैतिक पार्टियों के बीच में जुबानी जंग जारी है।

इससे पहले, छात्रों के जबर्दस्त हिंसक प्रदर्शन के कारण बांग्लादेश की तत्कालीन प्रधानमंत्री शेख हसीना को अपना पद छोड़ना पड़ा था। वह सेना के कहने पर तत्काल इस्तीफा देकर एक सैन्य हेलिकॉप्टर पर सवार होकर भारत आ गई थीं। इस तख्तापलट के बाद बांग्लादेशी सेना ने कमान अपने हाथ में ली और छात्रों से जल्दी ही अंतरिम सरकार के गठन का वादा किया। लगातार बढ़ते दवाब के बीच सभी राजनैतिक पार्टियों और छात्र समूहों के बीच हुई चर्चा के बाद नोबेल पुरस्कार विजेता मुहम्मद यूनुस को अंतरिम सरकार का मुख्य सलाहकार घोषित किया गया। बांग्लादेश में शेख हसीना की पार्टी के लोगों के खिलाफ जारी हिंसा को रोकने के लिए सरकार को काफी प्रयास करने पड़े।

8 अगस्त को शपथ लेने के बाद से ही यूनुस लगातार बांग्लादेश की हालत को सुधारने के लिए प्रयास कर रहे हैं। लेकिन शेख हसीना के भारत में होने से भारत और बांग्लादेश के संबंधों के बीच में एक अजीब सा तनाव भी देखने को मिला। हसीना के समर्थकों ने इस आंदोलन में अमेरिका का हाथ होने का इल्जाम लगाया और यूनुस को अमेरिका का एजेंट बताया।



Source link

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments