Black Cardamom Farming: खाने की दुनिया में बिरयानी की खुशबू का अपना अलग ही जादू है, लेकिन इसके असली स्वाद के पीछे खास मसाला बड़ी इलायची छुपा होता है. काली इलायची के नाम से मशहूर यह मसाला न सिर्फ बिरयानी का स्वाद बढ़ाता है, बल्कि इसकी तेज खुशबू और औषधीय गुण के कारण इसे ब्लैक गोल्ड और मसालों की रानी भी कहा जाता है. बढ़ती मांग और बाजारों में अच्छे दाम मिलने की वजह से यह फसल किसानों के लिए खूब कमाई का जरिया बनती जा रही है. ऐसे में चलिए आज आपको बताते हैं कि किसान बड़ी इलायची से तगड़ी कमाई कैसे कर सकते हैं.
खेती से मिल सकता है अच्छा मुनाफा
बड़ी इलायची की खेती को फायदेमंद माना जाता है. एक एकड़ में इसकी शुरुआती लागत करीब एक से डेढ़ लाख रुपये तक आती है, जिसमें पौधे, खाद और खेती की तैयारी शामिल होती है. यह फसल आमतौर पर 2 से 3 साल में उत्पादन देना शुरू करती है. सही देखभाल के साथ किसान प्रति हेक्टेयर सालाना 2 से 3 लाख रुपये तक की कमाई कर सकते हैं. बाजार में इसकी कीमत लगभग 900 से 1200 रुपये प्रति किलो तक मिल जाती है.
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बड़ी इलायची की खेती के लिए कैसी मिट्टी और मौसम है जरूरी?
बड़ी इलायची की खेती के लिए काली, गहरी दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है, जिसमें नाइट्रोजन, फास्फोरस और पोटेशियम की पर्याप्त मात्रा हो. वहीं मिट्टी का पीएच मान 4.5 से 7.2 के बीच होना चाहिए. इसके अलावा 10 से 35 डिग्री सेल्सियस तापमान और उष्णकटिबंधीय जलवायु इसके लिए अनुकूल मानी जाती है.
नर्सरी से होती है बड़ी इलायची की खेती की शुरुआत
बड़ी इलायची की खेती सीधे खेत में नहीं की जाती है. पहले नर्सरी में बीजों की बुवाई करीब 10 सेंटीमीटर की दूरी पर की जाती है. एक हेक्टेयर के लिए लगभग 1 किलो बीज पर्याप्त होता है. अंकुरण के बाद पौधों को सूखी घास में से ढककर उनकी देखभाल की जाती है. वहीं इसकी रोपाई के लिए जुलाई और अगस्त का समय बेहतर माना जाता है. खेत में 30x30x30 सेंटीमीटर के गड्ढे तैयार कर इसमें जैविक खाद मिलाई जाती है. पौधों के बीच करीब 1.5 मीटर की दूरी रखना जरूरी होता है. एक हेक्टेयर में लगभग 400 पौधे लगाए जा सकते हैं.
बड़ी इलायची की देखभाल और उत्पादन
इस फसल को छायादार वातावरण की जरूरत होती है. इसलिए खेती के आसपास बड़े पेड़ होना फायदेमंद रहता है. समय-समय पर निराई-गुड़ाई और नमी बनाए रखना भी जरूरी होता है. फल पकने पर शाखाओं को काटकर फलों को छाया में सुखाया जाता है, जिससे गुणवत्ता बनी रहती है. इसके अलावा सूखने के बाद इलायची को नमी से बचाकर सुरक्षित स्थान पर रखना जरूरी है. इसके लिए इसे पॉलिथीन बैग में भरकर लकड़ी के बक्सों में रखा जाता है, ताकि खराब न हो और लंबे समय तक इसकी खुशबू बनी रहे.
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