सीएसजेएमयू में विधि संकाय से ‘एक्स’ सिस्टम खत्म कर दिया गया है। अब छात्रों को एलएलबी की पढ़ाई छह वर्ष और बीए-एलएलबी की पढ़ाई आठ वर्ष में पूरी करनी होगी। साथ ही, एग्रीगेट पासिंग प्रतिशत को 48%से घटाकर 45% कर दिया गया है
छत्रपति शाहूजी महाराज विवि (सीएसजेएमयू) कानपुर में विधि संकाय से ‘एक्स’ सिस्टम खत्म कर दिया गया है। अब छात्रों को एलएलबी की पढ़ाई छह वर्ष और बीए-एलएलबी की पढ़ाई आठ वर्ष में पूरी करनी होगी। साथ ही, एग्रीगेट पासिंग प्रतिशत को 48%से घटाकर 45% कर दिया गया है। यह फैसला एकेडमिक काउंसिल में हुआ। इसके अलावा 25 सर्टिफिकेट व डिप्लोमा कोर्स बंद भी बंद कर दिए गए हैं। कई पाठ्यक्रमों में सीटें बढ़ी हैं तो कई में घटाई भी गई हैं।
अब सिर्फ बैक पेपर का नियम लागू रहेगा। अभी तक छात्रों के प्रथम-द्वितीय सेमेस्टर में कुल 48% अंक नहीं होते थे या प्रत्येक विषय में पासिंग मार्क्स 36% नहीं होते थे, तो उसे 4वें सेमेस्टर में प्रवेश नहीं दिया जाता था। ये छात्र एक्स के रूप में फॉर्म भरकर पहले प्रथम वर्ष पास करते थे और फिर तीसरे वर्ष में दाखिला लेते थे। अब छात्र बिना रुके प्रमोट होंगे और सुविधानुसार बैकपेपर दे सकेंगे। इसी तरह, बीए-एलएलबी में भी छात्रों को बिना रोके प्रमोट किया जाएगा। ‘समर्थ’ प्रणाली में एक्स-स्टूडेंट का स्टेटस खत्म हो गया है।
25 कोर्स बंद.. 12 में 180 सीटें घटीं, आठ में 65 बढ़ीं
छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) के सेंटर फॉर एकेडमिक में शुक्रवार को कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक की अध्यक्षता में हाइब्रिड मोड पर एकेडमिक काउंसिल की बैठक हुई। बैठक में कई अहम मुद्दों पर छात्रहित में फैसला लिया गया। कई पाठ्यक्रमों में बदलाव, कई कोर्स में सीट वृद्धि, कई कोर्स में सीट कमी, कम प्रवेश को लेकर कई कोर्स को बंद करने की भी अनुमति दी गई है। सर्टिफिकेट और डिप्लोमा के 25 कोर्स बंद किए गए हैं। इसी तरह 12 कोर्सों में 180 सीटें घटी हैं तो आठ में 65 सीटें बढाई गई हैं।
सात अगस्त तक बढ़ाई तिथि
विवि के समाज कार्य विभाग में एमएसडब्ल्यू इन इंडस्ट्रियल रिलेशंस एंड ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट और एमएसडब्ल्यू इन लाइवलीहुड एंड सोशल एंटरप्रिन्योरशिप शुरू किया गया है। नया कोर्स होने के कारण इसमें प्रवेश की अंतिम तिथि बढ़ाकर 7 अगस्त कर दी गई है।
इन कोर्सों को किया गया बंद
सर्टिफिकेट कोर्स इन वेदिक मैथमेटिक्स, एमएससी इनवायरमेंटल साइंस विथ स्पेशलाइजेशन इन सस्टेनेबिलिटी एंड गवर्नेंस, डिप्लोमा के फैशन टेक्नोलॉजी, केमिकल इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग (इवनिंग), इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (इवनिंग), मटलर्जी एंड मटेरियल टेक्नोलॉजी, जैन फिलॉस्पी, प्रकृति लैंग्वेज, जैन विधि विधान, वास्तु ज्योतिष मुहुर्त, पंजाबी लिट्रेचर, सर्टिफिकेट के जैन विधि विधान, वास्तु ज्योतिष मुहुर्त, रसियन लैंग्वेज, स्पैनिश लैंग्वेज समेत 25 कोर्स बंद किए गए हैं।
इन कोर्स में घट गईं सीटें
पाठ्यक्रम पहले अब
एलएलएम (1 वर्ष) 60 40
मास्टर ऑफ हॉस्पिटल मैनेजमेंट 60 30
एमबीए (फाइनेंशियल सर्विसेस) 60 30
एमएससी मैथमेटिक्स 20 15
एमएससी जियोग्राफी (जीआईएस) 30 15
एमएससी (एन. साइंस एंड टेक) 30 20
पाठ्यक्रम पहले अब
बीएससी (ऑनर्स) केमिस्ट्री 40 30
बीएससी योगा साइंस 40 30
पीजीडीजेएमसी 30 15
मास्टर ऑफ पब्लिक हेल्थ 45 40
एमए (संस्कृत, प्रकृति, जैन दर्शन) 30 10
बीए (ऑनर्स) सोश्योलॉजी 40 30
विश्वविद्यालय के इन पाठ्यक्रमों की सीटों में हुई बढ़ोतरी
पाठ्यक्रम पहले अब
बीएससी-बायोलॉजिकल साइंसेज 50 60
बीएससी-एमएससी इंटीग्रेटेड बायोटेक 50 60
बीएससी कॉम्बिनेशन 30 40
एमएससी माइक्रोबायोलॉजी 40 45
बैचलर फाइन आर्ट (एप्लाइड आर्ट) 70 75
बैचलर फाइन आर्ट (पेंटिंग) 50 55
बैचलर-फिजिकल एजुकेशन एंड स्पोर्ट्स 90 100
बीए जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन 80 90


