Thursday, April 23, 2026
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कीटनाशक छिड़कते वक्त जरूर बरतें ये सावधानी, वरना सस्ते में चली जाएगी जान


Pesticides Spraying Safety Tips:  खेती-किसानी में फसलों को कीड़ों और बीमारियों से बचाने के लिए कीटनाशकों का इस्तेमाल एक जरूरत बन गया है. लेकिन जरा सी लापरवाही इस मददगार दवा को जानलेवा जहर बना सकती है. अक्सर किसान भाई पैदावार बढ़ाने की जल्दी में सुरक्षा नियमों को नजरअंदाज कर देते हैं. जिससे सांस की बीमारी, स्किन एलर्जी और कई बार गंभीर जानलेवा हादसे हो जाते हैं. 

मॉडर्न फार्मिंग में कीटनाशकों का सही और सुरक्षित इस्तेमाल उतना ही जरूरी है जितना कि फसल की सिंचाई. अगर छिड़काव के दौरान बेसिक सेफ्टी प्रोटोकॉल फॉलो न किए जाएं, तो यह जहर सीधे आपके शरीर में प्रवेश कर सकता है. इसलिए जागरूक किसान वही है जो फसल की सेहत के साथ-साथ अपनी जान की कीमत को भी समझे और पूरी सावधानी के साथ इस काम को अंजाम दे.

प्रोटेक्टिव गियर है सबसे जरूरी

कीटनाशक का छिड़काव शुरू करने से पहले खुद को पूरी तरह कवर करना आपकी पहली प्रायरिटी होनी चाहिए. हमेशा फुल बाजू के कपड़े, रबर के जूते, दस्ताने और चेहरे पर मास्क का इस्तेमाल करें जिससे दवा का सीधा काॅन्टेक्ट आपकी स्किन या फेफड़ों से न हो. 

कई बार हवा के जरिए जहर की छोटी बूंदें आंखों या नाक के रास्ते शरीर में चली जाती हैं. जो तुरंत असर नहीं दिखातीं लेकिन लंबे समय में खतरनाक साबित होती हैं. छिड़काव के दौरान कभी भी कुछ खाना-पीना या धूम्रपान नहीं करना चाहिए क्योंकि इससे जहर के पेट में जाने का खतरा कई गुना बढ़ जाता है.

  • हमेशा आईएसआई मार्क वाले पीपीई किट या मोटे कपड़ों का प्रयोग करें और आंखों पर चश्मा जरूर पहनें.
  • काम खत्म होने के बाद कपड़ों को अलग से साबुन से धोएं और खुद भी अच्छी तरह स्नान करें.

सुरक्षा उपकरणों में किया गया थोड़ा सा निवेश आपको अस्पताल के बड़े खर्चों और गंभीर शारीरिक समस्याओं से बचा सकता है.

यह भी पढ़ें: मुर्गी फार्म खोलने में कितना आता है खर्च, जानिए 100 मुर्गियों पर कितना मुनाफा कमा सकते हैं आप?

हवा की डायरेक्शन में करें छिड़काव 

छिड़काव करते समय हवा किस तरफ है इसका बहुत फर्क पड़ता है. जिसे अक्सर लोग भूल जाते हैं. हमेशा हवा की डायरेक्शन में ही छिड़काव करें जिससे दवा की बौछार आपसे दूर जाए न कि आपके चेहरे पर वापस आए. तेज हवा या चिलचिलाती धूप में स्प्रे करने से बचना चाहिए. 

क्योंकि इससे दवा तेजी से उड़ती है और सांस के जरिए शरीर में समा सकती है. छिड़काव से पहले पंप और नोजल की अच्छी तरह जांच कर लें कि कहीं कोई लीकेज तो नहीं है. अगर नोजल ब्लॉक हो जाए तो उसे कभी भी मुंह से फूंक मारकर साफ करने की गलती न करें.

  • हवा के रुख को पहचानें और हमेशा अपनी पीठ हवा की तरफ रखकर ही दवा का छिड़काव शुरू करें.
  • फटे हुए पाइप या लीक करने वाले टैंक का इस्तेमाल जानलेवा हो सकता है, इसे तुरंत ठीक करवाएं.

मशीन का सही रखरखाव न सिर्फ दवा की बर्बादी रोकता है. बल्कि आपकी सेफ्टी की पहली लेयर भी तैयार करता है.

इन बातों का खास ध्यान रखें

कीटनाशक का काम खत्म होने के बाद खाली डिब्बों को कभी भी खेत में या घर के आसपास खुला न छोड़ें. इन खाली बोतलों को नष्ट करके जमीन में गहरा गाड़ देना चाहिए जिससे बच्चे या पालतू जानवर इनके संपर्क में न आ सकें. 

इसके साथ ही दवा को हमेशा बच्चों की पहुंच से दूर और खाने-पीने की चीजों से अलग किसी बंद अलमारी में ही रखें. अगर छिड़काव के दौरान किसी को चक्कर आए, उबकाई हो या आंखों में जलन महसूस हो, तो उसे तुरंत खुली हवा में ले जाएं और बिना देरी किए डॉक्टर से संपर्क करें.

  • खाली बोतलों को धोकर दोबारा किसी घरेलू काम में इस्तेमाल न करें उन्हें तुरंत नष्ट कर दें.
  • कीटनाशक के डिब्बे पर लिखे निर्देशों और एक्सपायरी डेट को ध्यान से पढ़कर ही घोल तैयार करें.

सावधानी और सही जानकारी ही कीटनाशकों के इस खतरे से बचने का इकलौता रास्ता है. इसे नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है.

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