Friday, July 10, 2026
Google search engine
Homeकृषि समाचारगाय-भैंस के दूध में नहीं आ रही मलाई, चारे में मिलाएं ये...

गाय-भैंस के दूध में नहीं आ रही मलाई, चारे में मिलाएं ये एक चीज फिर देखें जादू


दूध में फैट कम होने की सबसे बड़ी वजह पशुओं को सही न्यूट्रिशन न मिलना है. बाजार के महंगे सप्लीमेंट्स के पीछे भागने के बजाय अगर आप उनके डेली खाने-पीने में थोड़ा सा देसी बदलाव करेंगे, तो आपको बहुत जल्द इसका जादुई असर देखने को मिलेगा. आपके घर में ही इसका परमानेंट इलाज छुपा है.

दूध में फैट कम होने की सबसे बड़ी वजह पशुओं को सही न्यूट्रिशन न मिलना है. बाजार के महंगे सप्लीमेंट्स के पीछे भागने के बजाय अगर आप उनके डेली खाने-पीने में थोड़ा सा देसी बदलाव करेंगे, तो आपको बहुत जल्द इसका जादुई असर देखने को मिलेगा. आपके घर में ही इसका परमानेंट इलाज छुपा है.

पशुओं के दूध में फैट और मलाई बढ़ाने का सबसे बेस्ट और नेचुरल तरीका है बिनौला यानी कॉटन सीड. बिनौले में भरपूर मात्रा में नेचुरल फैट और ऑयल होता है, जो सीधे तौर पर मलाई को गाढ़ा बनाने का काम करता है. इसे चारे में मिलाने से पशुओं की सेहत भी एकदम चकाचक रहती है.

पशुओं के दूध में फैट और मलाई बढ़ाने का सबसे बेस्ट और नेचुरल तरीका है बिनौला यानी कॉटन सीड. बिनौले में भरपूर मात्रा में नेचुरल फैट और ऑयल होता है, जो सीधे तौर पर मलाई को गाढ़ा बनाने का काम करता है. इसे चारे में मिलाने से पशुओं की सेहत भी एकदम चकाचक रहती है.

लेकिन इसे खिलाने का एक सही तरीका है जिसे जानना बेहद जरूरी है. आपको करना यह है कि बिनौले को सीधे चारे में डालने के बजाय रात भर पानी में भिगोकर रख दें. सुबह इसे अच्छी तरह उबाल लें और जब यह ठंडा हो जाए. तब पशुओं के रेगुलर दाने या भूसे में मिक्स करके खिलाएं.

लेकिन इसे खिलाने का एक सही तरीका है जिसे जानना बेहद जरूरी है. आपको करना यह है कि बिनौले को सीधे चारे में डालने के बजाय रात भर पानी में भिगोकर रख दें. सुबह इसे अच्छी तरह उबाल लें और जब यह ठंडा हो जाए. तब पशुओं के रेगुलर दाने या भूसे में मिक्स करके खिलाएं.

इसके अलावा आप चारे में थोड़ा सा सरसों की खल भी ऐड कर सकते हैं. सरसों की खल पशुओं के डाइजेशन को एकदम दुरुस्त रखती है. जब गाय-भैंस का पेट ठीक रहेगा और खाना अच्छे से पचेगा. तो वो खुलकर दूध देंगी और दूध की क्वालिटी भी अपने आप ही सुधर जाएगी.

इसके अलावा आप चारे में थोड़ा सा सरसों की खल भी ऐड कर सकते हैं. सरसों की खल पशुओं के डाइजेशन को एकदम दुरुस्त रखती है. जब गाय-भैंस का पेट ठीक रहेगा और खाना अच्छे से पचेगा. तो वो खुलकर दूध देंगी और दूध की क्वालिटी भी अपने आप ही सुधर जाएगी.

ध्यान रखें कि अचानक से डाइट में बहुत ज्यादा बिनौला शामिल न करें बल्कि धीरे-धीरे इसकी मात्रा बढ़ाएं. इसके साथ ही पशुओं को सूखा भूसा और हरा चारा सही बैलेंस में देना बहुत जरूरी है. सिर्फ सूखा चारा देने से दूध सूखने लगता है और फैट का लेवल पूरी तरह से डाउन हो जाता है.

ध्यान रखें कि अचानक से डाइट में बहुत ज्यादा बिनौला शामिल न करें बल्कि धीरे-धीरे इसकी मात्रा बढ़ाएं. इसके साथ ही पशुओं को सूखा भूसा और हरा चारा सही बैलेंस में देना बहुत जरूरी है. सिर्फ सूखा चारा देने से दूध सूखने लगता है और फैट का लेवल पूरी तरह से डाउन हो जाता है.

इस देसी और असरदार नुस्खे को हफ्ते-दस दिन लगातार आजमा कर देखें. आपको खुद ही फर्क महसूस होने लगेगा कि दूध का गाढ़ापन बढ़ गया है और मलाई की एक मोटी परत जमने लगी है. इस आसान तरीके से आपका मुनाफा भी बढ़ेगा और पशु भी एकदम तंदुरुस्त रहेंगे.

इस देसी और असरदार नुस्खे को हफ्ते-दस दिन लगातार आजमा कर देखें. आपको खुद ही फर्क महसूस होने लगेगा कि दूध का गाढ़ापन बढ़ गया है और मलाई की एक मोटी परत जमने लगी है. इस आसान तरीके से आपका मुनाफा भी बढ़ेगा और पशु भी एकदम तंदुरुस्त रहेंगे.

Published at : 09 Jul 2026 02:35 PM (IST)

एग्रीकल्चर फोटो गैलरी



Source link

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments