
इस योजना का सबसे बड़ा फायदा यह है कि अब आपको सिंचाई के लिए न तो बिजली आने का इंतजार करना पड़ेगा और न ही डीजल का मोटा खर्च उठाना पड़ेगा. इस योजना से जुड़कर किसान अपनी बंजर या खाली पड़ी जमीन पर सोलर पैनल लगा सकते हैं. इससे खेतों को दिन के उजाले में ही मुफ्त और भरपूर पानी मिलने लगता है.

देश के कई राज्यों में इस योजना का लाभ उठाने के लिए किसान आवेदन कर चुके हैं. सरकार का टारगेट किसानों की लागत को आधा करना और उनकी आमदनी को बढ़ाना है. एक बार सोलर पंप सेट हो जाने के बाद अगले कई सालों तक सिंचाई का खर्चा बिल्कुल जीरो हो जाता है.

इस योजना का फायदा छोटे और सीमांत किसानों को सबसे ज्यादा मिल रहा है. जो महंगे संसाधनों के चलते सही से सिंचाई नहीं कर पाते थे. योजना के तहत 3 एचपी से लेकर 10 एचपी तक के सोलर पंपों पर अलग-अलग कैटेगरी में बंपर सब्सिडी दी जा रही है. बाकी बची 40 परसेंट रकम में से भी कुछ हिस्सा बैंक लोन से मिल जाता है.

आवेदन करने की प्रोसेस को काफी आसान बनाया गया है जिससे किसानों को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें. इच्छुक किसान कृषि विभाग की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं. इसमें आपको अपनी जमीन के कागज, आधार कार्ड और बैंक अकाउंट जैसी कुछ जरूरी डिटेल्स सबमिट करनी होती हैं.

इस स्कीम की अच्छी बात यह है कि सोलर पैनल से बनने वाली एक्स्ट्रा बिजली को आप सरकार को बेच भी सकते हैं. यानी खेतों की मुफ्त सिंचाई तो होगी ही इसके साथ ही बची हुई बिजली से आपकी हर महीने अलग से बंपर कमाई भी शुरू हो जाएगी.

अगर आप भी हर महीने आने वाले बिजली बिल और महंगे डीजल से पूरी तरह छुटकारा पाना चाहते हैं. तो यह मौका हाथ से जाने न दें. तुरंत अपने नजदीकी कृषि विज्ञान केंद्र या जनसेवा केंद्र पर जाकर इस योजना की पूरी जानकारी लें और आज ही अप्लाई करें.
Published at : 05 Jul 2026 01:17 PM (IST)


