Thursday, July 9, 2026
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Duck Farming In Paddy Fields: बत्तखों की मदद से धान की खेती! इंडोनेशिया की यह अनोखी तकनीक भारत में भी हिट


Duck Farming In Paddy Fields: कई लोगों ने धान के खेतों में बत्तख पालने की तकनीक के बारे में सुना होगा और यह भी सुना ही होगा, तो वे लोग यह भी जानते होंगे कि यह तकनीक एशिया के कई देशों में सदियों से चली आ रही है, जिसमें इंडोनेशिया, जापान, चीन और वियतनाम जैसे देश शामिल हैं. इस तरीके में किसान धान की फसल के साथ-साथ खेत में बत्तखें भी छोड़ देते हैं. यह बत्तखें खेत में घूमती हैं, जिससे वे किसानों का सबसे बड़ा काम कर देती हैं, जैसे खरपतवार, कीड़े-मकोड़े तथा घोंघे को खाना, जिससे धान के पौधों को कोई नुकसान नहीं पहुंचता क्योंकि बत्तखें धान की पत्तियां नहीं खातीं.

किसान यह काम फसल को काटने के बाद करते हैं, जिसमें वे फसल कटने के बाद बत्तखों को खेत में छोड़ देते हैं, ताकि वे बचा हुआ अनाज, घास और कीड़े खा सकें. लेकिन क्या आप जानते हैं, केवल एशिया की चुनिंदा जगहों पर ही नहीं, यह तकनीक अब भारत में भी इस्तेमाल होने लगी है. 

बत्तखें कैसे करती हैं मदद?

इस तकनीक की सबसे खास बात यह है कि बत्तखें खेत में कई काम एक साथ करती हैं. सबसे पहले, वे खरपतवार खाकर खेत को साफ रखती हैं, जिससे किसानों को हाथ से निराई करने की जरूरत कम पड़ती है. दूसरा, बत्तखें कीड़ों और घोंघों को खाकर फसल को नुकसान पहुंचाने वाले कीटों की संख्या कम करती हैं, जिससे रासायनिक कीटनाशकों का इस्तेमाल घट जाता है. तीसरा और सबसे जरूरी फायदा यह है कि बत्तखों की बीट यानी मल खेत के लिए प्राकृतिक खाद का काम करता है, जिससे धान के पौधों को पोषण मिलता है और रासायनिक खाद पर निर्भरता कम होती है. इसके अलावा बत्तखें अपने पैरों और चलने-फिरने से मिट्टी में हवा पहुंचाने का भी काम करती हैं, जिससे पौधों की जड़ें बेहतर तरीके से बढ़ती हैं.

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भारत में यह तकनीक क्यों बन रही है लोकप्रिय?

भारत में यह तकनीक अभी बहुत आम नहीं है, लेकिन धीरे-धीरे किसान और कृषि वैज्ञानिक इसमें दिलचस्पी दिखा रहे हैं, खासकर पूर्वी भारत के किसान. विशेषज्ञों के अनुसार यह तरीका ऐसे इलाकों के लिए बेहद कारगर साबित हो सकता है, क्योंकि यह पानी वाली जमीन के लिए स्वाभाविक रूप से उपयुक्त है. साथ ही, आजकल जैविक खेती और रसायन-मुक्त अनाज की मांग तेजी से बढ़ रही है, जिस वजह से यह तकनीक और भी आकर्षक बनती जा रही है.

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