Cashew Cultivation Tips: आज के दौर में खेती सिर्फ पेट भरने का जरिया नहीं बल्कि एक शानदार बिजनेस मॉडल बन चुकी है और काजू की खेती इसका सबसे बड़ा उदाहरण है. काजू की सबसे खास बात यह है कि इसे बहुत ज्यादा लाड़-प्यार या भारी सिंचाई की जरूरत नहीं होती. यह कम पानी और पथरीली मिट्टी में भी सीना तानकर खड़ा रहता है. जो किसान धान या मक्के के पुराने चक्र में फंसे हैं.
उनके लिए काजू एक बहुत मुनाफे वाला साबित हो रहा है. क्योंकि इसकी डिमांड मार्केट में कभी कम नहीं होती. खेती के नए तरीकों को अपनाकर अब किसान न केवल अपनी लागत घटा रहे हैं. बल्कि अपनी सालाना कमाई को लाखों में पहुंचा रहे हैं. यह फसल उन लोगों के लिए बेहतरीन है जो कम मेहनत में लंबे समय तक मुनाफा कमाना चाहते हैं.
इस तरह शुरू करें खेती
काजू की खेती में सारा खेल सही किस्म के चुनाव का है. क्योंकि अगर बीज या पौधा दमदार नहीं होगा. तो मेहनत बेकार जाएगी. आजकल ऐसी हाइब्रिड किस्में आ गई हैं जो बहुत कम समय में फल देने लगती हैं. पौधा लगाने के लिए आपको बस मानसून की पहली बारिश का इंतजार करना होता है. ताकि मिट्टी में प्राकृतिक नमी बनी रहे. ग
ड्ढे तैयार करते समय उनमें थोड़ी देसी खाद और नीम की खली मिलाना सही रहता है. इससे दीमक का डर खत्म हो जाता है. पौधों के बीच सही गैप रखना भी जरूरी है जिससे हर पेड़ को अपनी जगह मिले और वह खुलकर फैल सके. जिससे आगे चलकर तुड़ाई में आसानी होती है.
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पेड़ों की सेहत का ख्याल
एक बार जब आपके काजू के पौधे थोड़े बड़े हो जाते हैं. तो उन्हें बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं पड़ती. लेकिन शुरुआत में थोड़ा ध्यान देना जरूरी है. पेड़ों की समय-समय पर छंटाई या प्रूनिंग करना बहुत जरूरी है. जिससे सूरज की रोशनी गहराई तक पहुंचे और फलों की क्वालिटी टॉप क्लास रहे.
सिंचाई के लिए अगर आप ड्रिप सिस्टम का इस्तेमाल करते हैं. तो यह सोने पर सुहागा है. क्योंकि इससे पानी की बर्बादी भी नहीं होती और पौधों को उनकी जरूरत के हिसाब से नमी मिलती रहती है. कीटों से बचाव के लिए जैविक तरीकों को अपनाना ज्यादा फायदेमंद है.
होगी लाखों की कमाई
काजू से असली पैसा तब निकलता है जब आप इसे सीधे पेड़ से तोड़कर बेचने के बजाय थोड़ा प्रोसेस करके बेचते हैं. कच्चे काजू को सुखाना और फिर उसकी ग्रेडिंग करना आपकी कमाई को कई गुना बढ़ा सकता है. बस्तर के कई किसान अब ग्रुप बनाकर अपनी छोटी प्रोसेसिंग यूनिट्स लगा रहे हैं. जिससे वे सीधे बड़े शहरों के मार्केट तक पहुंच पा रहे हैं.
अगर आप सिर्फ कच्चा माल बेचेंगे तो मुनाफा कम होगा. लेकिन अगर आप इसे पैकेट में बंद करके ब्रांड के तौर पर उतारें. तो मुनाफा सीधे आपकी जेब में जाएगा. काजू का छिलका और उसका फल भी कई कामों में आता है. जिससे एक्स्ट्रा इनकम का रास्ता खुल जाता है. यानी कुलमिलाकर कहें तो इसकी खेती आपको कुछ ही समय में लखपति बना सकती है.
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