Rahul Gandhi Agricultural Land: कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और देश के जाने-माने राजनेता राहुल गांधी अक्सर अपनी राजनीतिक रैलियों और बयानों को लेकर सुर्खियों में रहते हैं. लेकिन उनकी लाइफ से जुड़ा एक पहलू ऐसा भी है जिसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं. राजनीति की भागदौड़ के बीच राहुल गांधी का नाता खेती-किसानी से भी जुड़ा हुआ है.
अक्सर लोगों के मन में यह उत्सुकता रहती है कि इतने बड़े और रसूखदार राजनीतिक परिवार से ताल्लुक रखने वाले राहुल गांधी के पास असल में कितनी खेती की जमीन है और उस जमीन पर किन चीजों की खेती की जाती है. जान लीजिए इसका पूरा हिसाब किताब.
राहुल गांधी के पास कितनी खेती की जमीन है?
राहुल गांधी के पास जो खेती की जमीन है. वह देश की राजधानी दिल्ली के महरौली इलाके में मौजूद सुल्तानपुर गांव में स्थित है. यह जमीन उन्हें विरासत में मिली है यानी यह उनकी पुश्तैनी संपत्ति का हिस्सा है. इस पूरी जमीन पर अकेले राहुल गांधी का हक नहीं है. बल्कि इसमें उनकी बहन प्रियंका गांधी वाड्रा का भी बराबर का यानी 50% मालिकाना हक है.
दोनों भाई-बहन की इस जॉइंट प्रॉपर्टी में से अगर सिर्फ राहुल गांधी के हिस्से की बात की जाए तो उनके हिस्से में कुल मिलाकर लगभग 2.34 एकड़ जमीन आती है. सरकारी कागजातों में इस जमीन को दो अलग-अलग टुकड़ों में दिखाया गया है जिसमें से पहला हिस्सा लगभग सवा दो एकड़ का है और दूसरा हिस्सा करीब सवा एकड़ का है.
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कौनसी है वहां उगाई जाने वाली फसल?
अब सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि सुल्तानपुर गांव की इस ढाई एकड़ के करीब की जमीन पर गांधी परिवार आखिर कौन सी फसल उगाता है? तो आपको बता दें कि उनके आधिकारिक चुनावी दस्तावेज या हलफनामे में किसी भी फसल के नाम का कोई जिक्र नहीं किया गया है.
दरअसल नियमों के अनुसार नेताओं को केवल अपनी संपत्ति का प्रकार, उसका सही लोकेशन, उसकी मौजूदा मार्केट वैल्यू और मालिकाना हक यानी जमीन विरासत में मिली है या खुद खरीदी है जैसी फाइनेंशियल और लीगल जानकारियां ही देनी होती हैं.
कानूनन इस दस्तावेज में यह बताना बिल्कुल भी जरूरी नहीं होता कि उस जमीन पर मौजूदा समय में कौन सी विशिष्ट फसल बोई जा रही है. इसलिए फसलों के नाम को लेकर कोई ऑफिशियल जानकारी उपलब्ध नहीं है.
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