
केंचुआ मिट्टी के अंदर लगातार सुरंग बनाता रहता है, इससे मिट्टी में हवा और पानी आसानी से पहुंचती है. इसके अलावा ये सूखी पत्तियां, गोबर, फसलों के अवशेष और दूसरे जैविक कचरे को खाकर उन्हें पोषक तत्वों से भरपूर खाद में बदल देता है.

केंचुआ मिट्टी के अंदर लगातार सुरंग बनाता रहता है, इससे मिट्टी में हवा और पानी आसानी से पहुंचती है. इसके अलावा ये सूखी पत्तियां, गोबर, फसलों के अवशेष और दूसरे जैविक कचरे को खाकर उन्हें पोषक तत्वों से भरपूर खाद में बदल देता है.